Jharkhand News: नगर थाना क्षेत्र के जिला रोड निवासी 18 वर्षीय देव सिंह ने बुधवार की सुबह करीब चार बजे पिता के लाईसेंसी पिस्टल से अपनी कनपटी में गोली मार ली। गोली लगने के बाद देव सिंह गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे तुरंत मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया, लेकिन वहां हालत नाजुक देखते हुए उसे बेहतर इलाज के लिए दुर्गापुर के हेल्थ वर्ल्ड अस्पताल रेफर कर दिया गया। फिलहाल वह जीवन और मौत के बीच जूझ रहा है।
परिवार वालों ने बताया कि देव सिंह का पिता लल्लू सिंह लंबे समय से गंभीर बीमारी से जूझ रहे हैं। लल्लू सिंह पहले ठेकेदारी करते थे, लेकिन अब हालत ऐसी हो गई है कि वह चलने-फिरने में असमर्थ हैं। तीन दिन पहले ही वे बंगलुरू से इलाज कर वापस लौटे थे। पिता की खराब स्थिति और उनकी देखभाल की जिम्मेदारी देव सिंह के कंधों पर थी, जिससे वह मानसिक दबाव में था। इंटर की पढ़ाई कर चुके देव को इस बीमारी ने अंदर से तोड़ दिया था। परिवार के सदस्यों का कहना है कि पिता की बीमारी देखकर देव सिंह परेशान रहता था और शायद इसी वजह से उसने यह कदम उठाया।
सुबह करीब चार बजे जब गोली की आवाज घर में गूंजती है, तो घर के सदस्य दौड़े और कमरे में पहुंचे तो देव खून से लथपथ जमीन पर पड़ा था। उनके शोर मचाने पर पड़ोसी और रिश्तेदार भी जुट गए और तुरंत इलाज के लिए देव को मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों ने गोली की गंभीरता को देखते हुए उसे बेहतर उपचार के लिए दुर्गापुर के अस्पताल में रेफर कर दिया। अब उसकी हालत बेहद नाजुक बनी हुई है और डॉक्टर पूरी कोशिश कर रहे हैं कि उसकी जान बचाई जा सके।
नगर थाना प्रभारी जगन्नाथ धान ने बताया कि घटना की सूचना मिलने के बाद जांच शुरू कर दी गई है। परिवार के अन्य सदस्यों से बात की जा रही है, लेकिन बीमार पिता की हालत ऐसी है कि वह कुछ स्पष्ट बयान नहीं दे पा रहे हैं। पुलिस का कहना है कि यह आत्महत्या का प्रयास है क्योंकि देव ने पिता के लाईसेंसी पिस्टल से खुद को गोली मारी है। यदि देव की जान बचती है तो उसके आधार पर आत्महत्या के प्रयास का मामला दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।

