नववर्ष 2026 के अवसर पर झारखंड के मुख्यमंत्री Hemant Soren ने राज्यवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं और बधाई दी हैं। उन्होंने पारंपरिक अभिवादन “जोहार” के साथ झारखंड की जनता के सुख, शांति, उत्तम स्वास्थ्य और समृद्धि की कामना की। मुख्यमंत्री ने कहा कि नया साल केवल कैलेंडर का बदलना नहीं है, बल्कि यह नए संकल्पों, नई ऊर्जा और नए सपनों के साथ आगे बढ़ने का अवसर भी है। उन्होंने उम्मीद जताई कि वर्ष 2026 झारखंड के लिए विकास, सामाजिक न्याय और जनकल्याण के नए अध्याय लिखेगा और राज्य के हर वर्ग के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाएगा।
स्वर्णिम झारखंड के सपने की ओर एक नया कदम
मुख्यमंत्री Hemant Soren ने सोशल मीडिया मंच X (पूर्व में ट्विटर) पर साझा अपने संदेश में कहा कि नववर्ष 2026 का आगमन सिर्फ एक नए साल की शुरुआत नहीं है, बल्कि हमारे वीर पूर्वजों द्वारा देखे गए स्वर्णिम झारखंड के सपने को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम भी है। उन्होंने वर्ष 2025 को याद करते हुए कहा कि इसी वर्ष झारखंड राज्य के संस्थापक दिशोम गुरु, आदरणीय शिबू सोरेन और महान संघर्षशील व्यक्तित्व श्रद्धेय रामदास सोरेन इस नश्वर संसार से विदा होकर प्रकृति में विलीन हो गए। आज वे सभी प्रकृति की गोद से हमें आशीर्वाद दे रहे हैं और उनके संघर्ष, त्याग और विचार हमें आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हैं।
नव वर्ष 2026 की सभी को हार्दिक बधाई, शुभकामनाएं और जोहार।
नव वर्ष 2026 का आगमन केवल एक नए वर्ष की शुरुआत नहीं है, बल्कि यह हमारे वीर पुरुखों के सपनों के सोना झारखण्ड के निर्माण की तरफ एक महत्वपूर्ण कदम भी है।
वर्ष 2025 में झारखण्ड राज्य निर्माता दिशाेम गुरुजी आदरणीय शिबू सोरेन… pic.twitter.com/GtMoZx6Oax— Hemant Soren (@HemantSorenJMM) December 31, 2025
संघर्ष, संकल्प और जनभागीदारी की यात्रा
मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड ने बीते वर्षों में संघर्ष, संकल्प और संभावनाओं की एक लंबी यात्रा तय की है। इस यात्रा में राज्य की जनता, विशेषकर आदिवासी, मूलवासी, किसान, मजदूर, महिलाएं और युवा, सभी की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही है। उन्होंने कहा कि झारखंड की आत्मा इन्हीं लोगों में बसती है और इन्हीं की मेहनत से राज्य ने अपनी पहचान बनाई है। बीते वर्षों में सामाजिक न्याय, जनकल्याण और समावेशी विकास की दिशा में कई महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं। सरकार का प्रयास रहा है कि विकास का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे और किसी भी वर्ग को पीछे न छोड़ा जाए।
2050 तक समृद्ध, न्यायपूर्ण और टिकाऊ झारखंड का लक्ष्य
मुख्यमंत्री Hemant Soren ने कहा कि अब युवा झारखंड का लक्ष्य और भी स्पष्ट है—2050 तक एक समृद्ध, न्यायपूर्ण और सतत विकास वाला झारखंड बनाना। इसी संकल्प के साथ “अबुआ सरकार” शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार व स्वरोजगार, सामाजिक सुरक्षा, प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण और स्थानीय समुदायों के अधिकार व सम्मान को केंद्र में रखकर नीतियां और योजनाएं आगे बढ़ाएगी। उन्होंने कहा कि झारखंड रूपी विशाल वृक्ष की जड़ों को मजबूत करना सरकार की प्राथमिकता रही है। विकास का लाभ अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक पहुंचे, यही हमारी प्रतिबद्धता है। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि आने वाले 25 वर्षों में साझा दृष्टि और सामूहिक प्रयास से झारखंड देश के अग्रणी राज्यों में शामिल होगा और नववर्ष 2026 इस उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव साबित होगा।

