Jharkhand News: फरवरी 2026 में संपन्न हुए 48 नगर निकायों के मेयर, अध्यक्ष और वार्ड पार्षदों के चुनाव के बाद अब डिप्टी मेयर (नौ नगर निगमों में) और उपाध्यक्ष (39 नगर परिषद/नगर पंचायतों में) के अप्रत्यक्ष चुनाव की तैयारी जोर पकड़ रही है। पार्षदों के बीच खुलेआम जोड़-तोड़ और लॉबिंग देखने को मिल रही है। होली के बहाने कई जगह होली मिलन के नाम पर बैठकें और सौदेबाजी की जा रही हैं। राजनीतिक दलों और निर्दलीय पार्षदों के बीच पदों को लेकर कड़ी होड़ मची है, जहां धन और प्रभाव का खुला खेल दिखाई दे रहा है।
राज्य निर्वाचन आयोग ने जारी किया चुनाव शेड्यूल
राज्य निर्वाचन आयोग ने अप्रत्यक्ष चुनाव के लिए स्पष्ट शेड्यूल जारी किया है। अधिसूचना होली के बाद जारी होने की संभावना है और प्रक्रिया 10 मार्च से शुरू होकर 20 मार्च तक पूरी कर ली जाएगी। प्रमुख नगर निगमों में चुनाव की तिथियां इस प्रकार हैं: धनबाद नगर निगम 18 मार्च, रांची नगर निगम 19 मार्च, मानगो नगर निगम 17 मार्च और मेदिनीनगर नगर निगम 14 मार्च। अन्य निकायों में भी 11 से 19 मार्च के बीच चुनाव कराए जाएंगे। आयोग का लक्ष्य है कि 20 मार्च तक सभी नई नगर सरकारें पूरी तरह सक्रिय हो सकें।
राजनीतिक दलों और पार्षदों की सक्रियता
रांची में भाजपा, कांग्रेस और झामुमो के बीच डिप्टी मेयर पद को लेकर कड़ी प्रतिस्पर्धा है। भाजपा के पार्षदों ने होली मिलन के दौरान संभावित प्रत्याशियों पर चर्चा की, जबकि कांग्रेस की ओर से अनुभवी महिला पार्षदों के नाम सामने आए। कई जगह निर्दलीय पार्षद और मेयर ‘किंग मेकर’ बनने की कोशिश में हैं। वरिष्ठ पत्रकार ओमप्रकाश अश्क के अनुसार, अप्रत्यक्ष चुनाव होने के कारण ये पद सौदेबाजी का केंद्र बन जाते हैं। पिछले चुनावों में भी इसी तरह की घटनाएं सामने आई थीं।
नगरपालिका बैठक सूची और पारदर्शिता की चुनौती
राज्य निर्वाचन आयोग ने सभी निकायों को निर्देश दिए हैं कि चुनाव प्रक्रिया पारदर्शी और नियमों के अनुसार हो। हालांकि जमीनी स्तर पर लॉबिंग और दबाव की खबरें सामने आ रही हैं। नगर निकायों की बैठक सूची भी जारी कर दी गई है, जिसमें गढ़वा, पलामू, लातेहार, हजारीबाग, कोडरमा, गिरिडीह, धनबाद, बोकारो, रांची और अन्य जिलों की तिथियां शामिल हैं। इस प्रक्रिया के पूरा होने के बाद ही नई नगर सरकारों को पूरा स्वरूप मिलेगा और डिप्टी मेयर व उपाध्यक्ष अपने पदों पर पदभार ग्रहण करेंगे।
