Jharkhand News: झारखंड के जमशेदपुर जिले से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। शहर के जाने माने उद्योगपति देवांग गांधी के बेटे कैरव गांधी के कथित अपहरण की खबर ने पूरे इलाके में चिंता और आक्रोश का माहौल पैदा कर दिया है। बताया जा रहा है कि कैरव गांधी पिछले पांच दिनों से लापता हैं और अब तक उनका कोई सुराग नहीं मिल पाया है। इस घटना के सामने आने के बाद शहर के कारोबारी संगठनों और सामाजिक संस्थाओं में गहरी बेचैनी देखी जा रही है। लोग कानून व्यवस्था पर सवाल उठा रहे हैं और प्रशासन से जल्द से जल्द सच्चाई सामने लाने की मांग कर रहे हैं। परिजन भी बेहद तनाव में हैं और हर गुजरते घंटे के साथ उनकी चिंता बढ़ती जा रही है।
सरयू राय की केंद्रीय गृह मंत्री से अपील
जमशेदपुर पूर्वी से जदयू विधायक सरयू राय ने इस गंभीर मामले में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से हस्तक्षेप की मांग की है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि युवा उद्यमी कैरव गांधी का चार दिन पहले अपहरण कर लिया गया और झारखंड सरकार अब तक कोई ठोस सुराग नहीं ढूंढ पाई है। उन्होंने यह भी कहा कि प्रारंभिक जानकारियों से अंतरराज्यीय गिरोह की संलिप्तता की आशंका है। सरयू राय के अनुसार यह मामला सिर्फ अपहरण या फिरौती का नहीं है बल्कि एक युवा की जान से जुड़ा हुआ है। उन्होंने आग्रह किया कि केंद्रीय एजेंसियों को सक्रिय किया जाए ताकि जांच तेज हो सके और कैरव गांधी को सुरक्षित वापस लाया जा सके।
एसआईटी का गठन और जांच की दिशा
इस मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने एक विशेष जांच टीम यानी एसआईटी का गठन किया है। विधायक सरयू राय ने बताया कि एसआईटी पूरी कोशिश कर रही है कि कैरव गांधी का पता जल्द से जल्द लगाया जाए। हालांकि उनका मानना है कि अगर इस जांच में इंटेलिजेंस ब्यूरो जैसी केंद्रीय एजेंसियों का सहयोग मिल जाए तो कई नए सुराग सामने आ सकते हैं। इससे जांच और ज्यादा मजबूत होगी। सरयू राय ने यह भी जानकारी दी कि उन्होंने इस मामले को झारखंड के पुलिस महानिदेशक और पूर्वी सिंहभूम के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के सामने भी उठाया है। प्रशासन पर दबाव बढ़ रहा है कि वह इस केस में तेजी और पारदर्शिता के साथ कार्रवाई करे।
अब तक की जांच में क्या सामने आया
अब तक की जांच में जो जानकारी सामने आई है उसके अनुसार कैरव गांधी के लापता होने की खबर मिलने के कुछ ही घंटों बाद पुलिस ने उनकी कार बरामद कर ली थी। यह कार राष्ट्रीय राजमार्ग तैंतीस पर कांडेरबेड़ा इलाके में मिली जो चांडिल थाना क्षेत्र के अंतर्गत आता है। यह इलाका पड़ोसी जिला सरायकेला खरसावां में स्थित है। कार की बरामदगी के बाद पुलिस को उम्मीद थी कि जल्द कोई बड़ा सुराग हाथ लगेगा लेकिन इसके बाद भी कैरव गांधी का पता नहीं चल पाया है। इस वजह से आशंकाएं और गहरी होती जा रही हैं। शहर के लोग इस मामले पर लगातार नजर बनाए हुए हैं और सभी की एक ही मांग है कि कैरव गांधी को सुरक्षित घर वापस लाया जाए और दोषियों को सख्त सजा मिले।

