Maiya Samman Yojana: झारखंड सरकार ने आम जनता की समस्याओं को दूर करने और सरकारी योजनाओं को सीधे लाभुकों तक पहुंचाने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने पलामू के लेस्लीगंज से ‘आपकी सरकार-आपके द्वार’ कार्यक्रम की शुरुआत की है। इस अभियान का मकसद है कि आम जनता को उनके घर के पास ही सरकारी सुविधाएं मिलें और उनकी समस्याएं बिना किसी बाधा के निपटाई जाएं। इस कार्यक्रम के तहत विभिन्न योजनाओं के लिए पात्र लाभुकों का पंजीकरण भी किया जाएगा, जिसमें मंईया सम्मान योजना भी शामिल है।
मंईया सम्मान योजना में नए लाभुकों का जुड़ाव
‘आपकी सरकार-आपके द्वार’ कार्यक्रम के तहत मंईया सम्मान योजना के नए लाभुकों को सीधे इस अभियान के जरिए जोड़ा जाएगा। लाभुकों को अपने जरूरी दस्तावेज जैसे आधार कार्ड, राशन कार्ड, वोटर आईडी, बैंक पासबुक, स्व-सत्यापन फॉर्म और दो पासपोर्ट साइज फोटो लेकर कैंप में आना होगा। वहां दस्तावेजों की जांच के बाद ही आवेदन स्वीकार किया जाएगा। यह व्यवस्था हर जिले में लागू की जा रही है ताकि ज्यादा से ज्यादा महिलाओं को योजना का लाभ मिल सके।

पात्रता और दस्तावेजों की जानकारी
मंईया सम्मान योजना के तहत केवल 18 से 50 वर्ष की उम्र की महिलाएं ही योजना का लाभ प्राप्त कर सकती हैं। इसके लिए आवेदकों को अपने दस्तावेज सही तरीके से प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा। इसके अलावा, योजना का लाभ उन्हीं परिवारों को मिलेगा जिनके सदस्य सरकारी नौकरी में नहीं हैं और जो टैक्स नहीं देते। यदि कोई ऐसे परिवार की महिला योजना में शामिल होती है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी और योजना के पैसे की वसूली भी की जाएगी। यह नियम योजना की पारदर्शिता और सही लाभार्थियों तक पहुंच सुनिश्चित करने के लिए बनाए गए हैं।
जिले में कैंप लगाकर आवेदन प्रक्रिया होगी सरल
सभी जिलों में अभियान के तहत कैंप लगाकर पात्र महिलाओं से आवेदन लिए जाएंगे। इन कैंपों में दस्तावेजों की जांच और स्वीकृति दोनों प्रक्रियाएं एक साथ पूरी की जाएंगी। इससे आवेदन की प्रक्रिया तेज और सरल हो जाएगी। लाभुकों को बार-बार अधिकारियों के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। यह योजना खास तौर पर ग्रामीण महिलाओं के लिए बनाई गई है ताकि वे आर्थिक रूप से सशक्त बन सकें और समाज में अपनी पहचान बना सकें।
मंईया सम्मान योजना से महिलाओं का सशक्तिकरण
मंईया सम्मान योजना झारखंड सरकार की महिलाओं को आर्थिक मदद देने वाली महत्वपूर्ण योजना है। इस योजना से महिलाओं को वित्तीय सहायता मिलेगी जिससे वे अपने परिवार का भरण-पोषण बेहतर तरीके से कर सकेंगी। साथ ही यह योजना महिलाओं के सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक मजबूत कदम है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की यह पहल राज्य में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए बहुत लाभकारी साबित होगी।

