Jharkhand News: बाबा मंदिर में बुधवार को दानपेटियों की गिनती की गई। इस दौरान लाखों रुपए के साथ विदेशी मुद्रा भी मिली। हैरानी तब हुई जब दानपेटी में पहली बार पाकिस्तानी करंसी का नोट बरामद हुआ। यह नोट 100 रुपए के बराबर बताया गया है। इसकी जानकारी मिलते ही सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया और जांच शुरू कर दी गई।
दानपेटियों के पुराने रिकॉर्ड की समीक्षा, संदिग्धों की तलाश जारी
जानकारों के अनुसार मंदिर प्रशासन पिछले रिकॉर्ड की भी समीक्षा कर रहा है। पिछले बार दानपेटी 9 जनवरी को खोली गई थी। यह पता लगाया जा रहा है कि पाकिस्तान से कोई व्यक्ति पूजा के लिए तो नहीं आया था। संभावना जताई जा रही है कि कोई श्रद्धालु जो पाकिस्तान गया था, उसने वहां का नोट लेकर दानपेटी में डाल दिया। सुरक्षा और खुफिया विभाग इसे गंभीर मामला मानकर रिस्क नहीं लेना चाहते।
संदिग्ध विदेशी कनेक्शन वाले युवकों की गाजियाबाद में गिरफ्तारी
पिछले दिनों यूपी के गाजियाबाद से संदिग्ध युवक-युवती को पकड़ा गया था। जांच में उनके पास देवघर बाबा मंदिर के फोटो और वीडियो मिले। प्रारंभिक जांच में पता चला कि उनका संबंध पाकिस्तान के आईएसआई से हो सकता है। ये लोग पैसे लेकर देश के विभिन्न हिस्सों की जानकारी सीमापार भेज रहे थे। वहीं, पहले पहलगाम हमले के बाद भी एक महिला यू-ट्यूबर ज्योति मलहोत्रा पर पाकिस्तान के लिए जासूसी का आरोप लगा था। उसने सुल्तानगंज से बाबा मंदिर तक की पूरी यात्रा का फोटो और वीडियो बनाया था।
मंदिर सुरक्षा व्यवस्था में गंभीरता की जरूरत
देवघर बाबा मंदिर में सुरक्षा व्यवस्था अभी भी कमजोर है। मंदिर में लोग आसानी से मोबाइल, थैला, बैग आदि लेकर प्रवेश कर लेते हैं। गर्भगृह में फोटो और वीडियो बनाना आम बात हो गई है। देश के कई प्रमुख मंदिरों की तरह यहां भी मोबाइल और थैला पर रोक, मेटल डिटेक्टर और कड़ी जांच की आवश्यकता है। विशेषज्ञों का कहना है कि अब मंदिर में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना बेहद जरूरी है। कम से कम मोबाइल और थैला अंदर ले जाने पर रोक लगाई जानी चाहिए और फोटोग्राफी पर भी प्रतिबंध लगाया जाना चाहिए।
