रांची के सीसीएल पिपरवार क्षेत्र के किचटो में रविवार को विस्थापित प्रभावित ट्रक ऑनर एसोसिएशन की अहम बैठक हुई। इस बैठक में ट्रक भाड़ा भुगतान को लेकर कड़ा रुख अपनाने का निर्णय लिया गया। एसोसिएशन ने साफ कह दिया है कि यदि 2018 में तय किए गए भाड़े का नगद भुगतान संबंधित डीओ होल्डर और लिफ्टर द्वारा जल्द नहीं किया गया, तो ऐसे लिफ्टरों के ट्रकों का परिचालन पूरी तरह बंद कर दिया जाएगा।
बैठक में मौजूद सदस्यों ने बताया कि वर्षों से तय भाड़े की दरों के बावजूद भुगतान में मनमानी की जा रही है। इससे विस्थापित और प्रभावित ट्रक मालिकों की आर्थिक स्थिति गंभीर रूप से प्रभावित हो रही है। बार-बार आग्रह करने के बाद भी भुगतान नहीं होने पर एसोसिएशन ने यह सख्त फैसला लिया है।
बैठक की अध्यक्षता महेंद्र गंझु ने की, जिन्होंने स्पष्ट कहा कि ट्रक मालिकों के अधिकारों की अनदेखी किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि तय भाड़े का भुगतान शीघ्र नहीं हुआ, तो एसोसिएशन आंदोलनात्मक कदम उठाने से भी पीछे नहीं हटेगा।
इस बैठक में रचित गंझु, रामबालक गंझु, गबर महतो, आशिक अली, अमर कुमार महतो, श्रवण महतो, सल्खू महतो, मोहम्मद इदरीश अंसारी, मोहम्मद लियाकत, प्रेम ठाकुर सहित दर्जनों सदस्य मौजूद थे।
ट्रक ऑनर एसोसिएशन ने साफ किया है कि यदि इस बार भी भुगतान नहीं हुआ, तो इसके लिए पूरी जिम्मेदारी संबंधित डीओ होल्डर और लिफ्टरों की होगी। अब सवाल ये है कि क्या सरकार और लिफ्टर इस चेतावनी को गंभीरता से लेंगे या झारखंड की लॉजिस्टिक्स सेवा ठप होने का खतरा बढ़ता जाएगा।
