Jharkhand News: पूर्वी जामनगर और पश्चिम जामनगर के पंचायत भवन में Jamnagar क्षेत्र के अंतर्गत बीडीओ मो यूसुफ की अध्यक्षता में अबुआ आवास एवं प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभुकों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में मनरेगा बीपीओ गगन बापू, कंप्यूटर सहायक सह आवास नोडल रविकांत रवि, मुखिया सहित कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे। बैठक का मुख्य उद्देश्य योजनाओं के लाभुकों को समय पर आवास निर्माण पूरा करने के लिए प्रेरित करना और कार्य में तेजी लाना था।
बीडीओ ने दिए सख्त निर्देश, समय पर निर्माण पूरा करने पर जोर
बैठक के दौरान बीडीओ मो यूसुफ ने स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि सभी लाभुक अपने आवास का निर्माण कार्य जल्द से जल्द पूर्ण करें। उन्होंने आवास प्रभारी और पंचायत सहायकों को भी निर्देशित किया कि वे नियमित रूप से लाभुकों की प्रगति की निगरानी करें और आवश्यक सहयोग प्रदान करें। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि जो लाभुक निर्धारित समय सीमा के भीतर निर्माण कार्य पूरा नहीं करेंगे, उनसे दी गई राशि की वसूली की जाएगी। अधिकारियों ने योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और पारदर्शिता बनाए रखने पर भी जोर दिया।
निरीक्षण के दौरान कार्रवाई, तीन लाभुकों को थाना लाया गया
क्षेत्र भ्रमण के दौरान पश्चिम जामनगर के तीन लाभुकों के मामले में सख्त कार्रवाई की गई। इन लाभुकों को थाना लाया गया और उनसे बांड भरवाकर इस शर्त पर छोड़ा गया कि वे अगले दो दिनों के भीतर आवास निर्माण कार्य प्रारंभ करेंगे। जानकारी के अनुसार, इन लाभुकों को वर्ष 2023-24 में अबुआ आवास योजना के तहत पहली किस्त प्राप्त हुई थी, लेकिन लंबे समय के बाद भी उन्होंने निर्माण कार्य शुरू नहीं किया था। इससे पहले उन्हें नोटिस भी जारी किया जा चुका था, बावजूद इसके प्रगति नहीं होने पर प्रशासन को यह कदम उठाना पड़ा।
योजनाओं के सफल क्रियान्वयन पर प्रशासन का फोकस
इस बैठक और कार्रवाई के दौरान आवास प्रभारी संतोष सिंह, मुखिया प्रतिनिधि चिरंजीव सरकार, पंचायत सहायक नसीम, राजेश सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर यह सुनिश्चित करने पर बल दिया कि योजनाओं का लाभ वास्तविक लाभुकों तक समय पर पहुंचे और निर्माण कार्यों में किसी प्रकार की लापरवाही न हो। प्रशासन का कहना है कि आगे भी ऐसे मामलों में सख्त रुख अपनाया जाएगा, ताकि सरकारी योजनाओं का सही और समयबद्ध तरीके से क्रियान्वयन हो सके और जरूरतमंद परिवारों को पक्का आवास मिल सके।
