Jamshedpur Terror alert: झारखंड के प्रमुख औद्योगिक शहर जमशेदपुर में संभावित आतंकी खतरे को लेकर प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हो गई हैं। इंटरपोल से प्राप्त एक खुफिया सूचना के बाद पुलिस महकमा और राज्य सरकार ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। एसएसपी समेत सभी वरिष्ठ अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा, आईबी और अन्य खुफिया एजेंसियों को भी इलाके में निगरानी बढ़ाने का आदेश दिया गया है। इस खबर से पुलिस महकमे में हलचल तेज हो गई है और संवेदनशील इलाकों की सुरक्षा बढ़ाने की तैयारी जोरों पर है।
स्लीपर सेल की सक्रियता की आशंका और संदिग्ध की तलाश
खुफिया रिपोर्ट में जमशेदपुर में संदिग्ध स्लीपर सेल की सक्रियता की संभावना जताई गई है। रिपोर्ट के अनुसार, आजादनगर क्षेत्र में एक फरार संदिग्ध का नाम भी शामिल है, जिसकी तलाश राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) और एटीएस द्वारा पहले भी की जा चुकी है। पुलिस ने पुराने मामलों को नई खुफिया जानकारी के साथ जोड़कर गहन जांच शुरू कर दी है। फिलहाल प्रशासन ने इस मामले में विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की है, लेकिन सुरक्षा एजेंसियां हर संभावित खतरे के लिए अलर्ट मोड में हैं और इलाके में निगरानी कड़ी कर दी गई है।
जमशेदपुर की सुरक्षा व्यवस्था और रणनीतिक महत्त्व
जमशेदपुर को देश का एक महत्वपूर्ण औद्योगिक केंद्र माना जाता है, जहां टाटा स्टील, टाटा मोटर्स जैसी बड़ी कंपनियां काम करती हैं। टाटानगर रेलवे जंक्शन और राष्ट्रीय राजमार्गों की मौजूदगी इसे रणनीतिक दृष्टि से भी अहम बनाती है। इसी कारण से यहां किसी भी संभावित खतरे को गंभीरता से लिया जा रहा है। सुरक्षा एजेंसियां 2016 में हुई दिल्ली में अलकायदा से जुड़े संदिग्ध की गिरफ्तारी के बाद इस क्षेत्र की सुरक्षा को लेकर सतर्क हैं। वर्तमान खुफिया इनपुट के बाद सुरक्षा उपायों की समीक्षा की जा रही है ताकि किसी भी आपात स्थिति को रोकने में सफलता मिल सके।
सत्ताधारी नेताओं और अधिवक्ताओं का बयान, सुरक्षा बढ़ाने की अपील
जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय ने कहा है कि शहर में पहले भी ऐसे संदिग्ध पकड़े गए हैं जो अंतरराष्ट्रीय अपराध से जुड़े थे। उन्होंने प्रशासन से आग्रह किया है कि खुफिया रिपोर्ट के आधार पर सक्रियता बढ़ाई जाए और स्लीपर सेल के सदस्य जल्द से जल्द गिरफ्तार किए जाएं। वहीं, वरिष्ठ अधिवक्ता सुधीर कुमार पप्पू ने कहा कि जमशेदपुर में पहले भी आतंकवादी संगठन से जुड़े लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि यहां बड़े उद्योग और रेलवे स्टेशन की वजह से सुरक्षा बेहद जरूरी है। इसलिए पुलिस को अपना खुफिया तंत्र मजबूत करना होगा ताकि आतंकवादी गतिविधियों को रोकने में सफलता मिले।

