Jharkhand अकादमिक परिषद (JAC) ने फरवरी 2026 में आयोजित होने वाली मैट्रिक और इंटरमीडिएट परीक्षाओं की तैयारियों को तेज कर दिया है। झारखंड एजुकेशन प्रोजेक्ट काउंसिल ने सभी जिला शिक्षा अधिकारी, जिला प्रोग्राम अधिकारी, अतिरिक्त जिला प्रोग्राम अधिकारी, जिला शिक्षा अधीक्षक, और संबंधित मुख्यमंत्री स्कूल ऑफ एक्सीलेंस के हाई स्कूल और हायर सेकेंडरी स्कूलों के प्रिंसिपल और स्कूल प्रबंधकों को विस्तृत निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों का उद्देश्य छात्रों को परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन सुनिश्चित करना है।
निर्देशों के अनुसार, जनवरी के महीने में सभी स्कूलों में नियमित मॉडल टेस्ट और सुधारात्मक कक्षाएं आयोजित की जाएंगी। सभी शिक्षक पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ सिलेबस की पुनरावृत्ति करेंगे। विशेष जोर उन अध्यायों पर दिया जाएगा, जिनसे परीक्षा में अधिक प्रश्न पूछे जाने की संभावना है। राज्य प्रोजेक्ट ऑफिस ने Google Drive लिंक के माध्यम से JAC पैटर्न पर आधारित मॉडल प्रश्नपत्र उपलब्ध कराए हैं।
स्कूलों को निर्देशित किया गया है कि वे सोमवार से शनिवार सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक एक विषय का मॉडल टेस्ट आयोजित करें। इसके बाद कमज़ोर छात्रों के लिए विषय-वार सुधारात्मक कक्षाएं शुरू होंगी, जिसमें अंग्रेज़ी, विज्ञान और गणित पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। जनवरी महीने में सभी शिक्षकों की अनिवार्य उपस्थिति सुनिश्चित की जाएगी। किसी शिक्षक को बिना पूर्व अनुमति के अवकाश नहीं मिलेगा और न ही उन्हें किसी अन्य प्रोग्राम में ड्यूटी पर भेजा जाएगा।
निर्देशों में छात्रों की बेहतर प्रदर्शन क्षमता सुनिश्चित करने के लिए काउंसलिंग सत्र, विशेष अभिभावक-शिक्षक बैठकें, परीक्षा हेल्प डेस्क, और योग एवं मानसिक स्वास्थ्य संबंधित गतिविधियों का आयोजन करने पर भी जोर दिया गया है। चतरा जिले के जिला शिक्षा अधिकारी दिनेश कुमार मिश्रा ने बताया, “मैट्रिक और इंटरमीडिएट परीक्षाओं की तैयारियां जिले में कुछ समय से चल रही हैं। मॉडल टेस्ट और सुधारात्मक कक्षाओं का आयोजन नवम्बर के दूसरे सप्ताह से शुरू हुआ। यह उपाय डिप्टी कमिश्नर किर्तिश्री जी के निर्देश पर किया गया। झारखंड एजुकेशन प्रोजेक्ट काउंसिल के नए दिशानिर्देश 19 दिसंबर को जारी हुए। कुल मिलाकर, जिले में दो महीने से तैयारियां चल रही हैं।”

