झारखंड के हजारीबाग जिले के केरेडारी ब्लॉक इलाके में सरस्वती पूजा के दौरान हुई मूर्ति विसर्जन प्रक्रिया में दो पक्षों के बीच हिंसक झड़प और पथराव की घटना सामने आई। यह घटना बेलतु गांव में हुई, जहां विसर्जन जुलूस के दौरान अचानक तनाव बढ़ गया और पत्थरबाजी शुरू हो गई। इससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई और माहौल तनावपूर्ण हो गया।
घटना की सूचना मिलते ही हजारीबाग के जिलाधिकारी शशिरंजन और एसपी अंजनी अंजन तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने स्थिति को संभालने के लिए देर रात तक कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की। मौके पर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया ताकि शांति व्यवस्था बनाए रखी जा सके। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रण में लेने के लिए तत्परता दिखाई।
पथराव के दौरान दोनों पक्षों के कई लोग घायल हुए हैं, साथ ही पुलिस के जवान भी इस झड़प में चोटिल हुए हैं। फिलहाल हिंसक झड़प के कारणों का पता नहीं चल पाया है। प्रशासन ने मामले की गहन जांच शुरू कर दी है और इलाके में सतर्कता बढ़ा दी गई है।
वहीं, हजारीबाग के अन्य इलाकों में सरस्वती पूजा का समापन अत्यंत उल्लास और भक्तिभाव के साथ हुआ। शहर और गांवों में छात्र-छात्राओं, युवाओं और बच्चों ने अबीर-गुलाल खेलकर मां सरस्वती को भावपूर्ण विदाई दी। स्कूलों और कॉलेजों में सुबह से ही विशेष पूजा-अर्चना का आयोजन किया गया। इसके बाद भक्तों ने गाजे-बाजे के साथ विसर्जन जुलूस निकाले।
यह त्योहार शांति और सौहार्द्र का संदेश लेकर आता है, लेकिन केरेडारी ब्लॉक की घटना ने प्रशासन के लिए चिंता बढ़ा दी है। अधिकारियों ने सभी पक्षों से संयम बरतने और कानून व्यवस्था बनाए रखने का आग्रह किया है। इलाके में पुलिस की अतिरिक्त तैनाती जारी है ताकि ऐसी घटनाओं को रोका जा सके और हजारीबाग में शांति बनी रहे।

