Dhanbad Crime News: धनबाद पुलिस ने एक चौकाने वाला खुलासा किया है। रेलवे कर्मचारी बीरबल की हत्या का रहस्य सुलझ गया है, जिसकी लाश पंपु तालाब से बरामद हुई थी। जांच में पता चला कि बीरबल के अपने ही बेटे और बेटी ने एक तीसरे साथी के साथ मिलकर यह घातक साजिश रची थी। बीरबल की शराब की लत, घरेलू कलह और मारपीट के चलते परिवार के सदस्यों को बेहद पीड़ा हुई थी। इसी कारण उनके बेटे-बेटी ने मिलकर उनकी हत्या की योजना बनाई और उसे अंजाम दिया।
धनबाद के सिटी एसपी रितिक श्रीवास्तव ने बताया कि 5 जनवरी को पंपु तालाब से बीरबल की लाश मिली। वह रेलवे कर्मचारी था और हिरापुर हरी मंदिर के पास पेट्रोल पंप के निकट रहता था। पुलिस ने मृतका की बेटी द्वारा दी गई शिकायत के आधार पर जांच शुरू की। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और डॉक्टर के बयान से पता चला कि बीरबल की मौत गला दबाने से हुई है। कॉल डिटेल्स और तकनीकी सबूतों के आधार पर पुलिस को साजिश में बेटे रोहित कुमार, बेटी रितु कुमारी और रितु के प्रेमी फरीद खान का हाथ पाया गया। तीनों को गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तार आरोपियों ने पूछताछ में अपने जुर्म को स्वीकार किया। पुलिस ने बताया कि बीरबल शराब का आदी था। वह नशे की हालत में घर आता और परिवार के सदस्यों को गालियां देता, अपनी पत्नी पर अवैध संबंधों का आरोप लगाता और मारपीट करता था। लगातार इस मानसिक और शारीरिक यातना से त्रस्त होकर रोहित, रितु और फरीद ने उसकी हत्या की साजिश रची। योजना के अनुसार, 4 जनवरी की रात रोहित और फरीद ने पंपु तालाब के पूर्वी छोर पर बीरबल को शराब में नींद की दवा मिलाकर बेहोश कर दिया। इसके बाद उसे काले रंग की अपाचे मोटरसाइकिल पर बैठाकर अमटाल के एक सुनसान स्थान पर ले गए और मफलर से गला दबाकर उसकी हत्या कर दी।
हत्या के बाद शव को उसी मोटरसाइकिल पर वापस पंपु तालाब में फेंक दिया गया। पुलिस ने घटना स्थल से खाली शराब की बोतल, मफलर और काले अपाचे मोटरसाइकिल सहित कई अहम सबूत बरामद किए हैं। पुलिस निरीक्षक मनोज कुमार पांडेय, मंजीत कुमार, अभिषेक कुमार तिवारी, अजय कुमार सिंह और राजेश कुमार की टीम ने इस केस को बड़ी कुशलता से सुलझाया। तीनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजा जा चुका है और मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है। यह केस नशे और घरेलू कलह के भयंकर परिणाम को उजागर करता है, जिससे परिवार के लोग भी सदमे में हैं।

